बेटा और बेटी एक समान
बेटा और बेटी एक समान
दोनों है घर के भविष्य का तार
कई त्यौहार और रस्मो का संसार
मांगे बेटा और बेटी दोनों का साथ
राखी पर बहन जैसे करे भाई का दिल से इन्तिज़ार
भाई के आँखों में भी होता कलाई पर बंधे धागे का अभिमान
हर भाई बस ये ही कहे हो एक बहिन भी मेरे पास ,
शादी की रस्मो में भाई फेरो की आगाज़ कराता ,
दोनों है घर के भविष्य का तार
कई त्यौहार और रस्मो का संसार
मांगे बेटा और बेटी दोनों का साथ
राखी पर बहन जैसे करे भाई का दिल से इन्तिज़ार
भाई के आँखों में भी होता कलाई पर बंधे धागे का अभिमान
हर भाई बस ये ही कहे हो एक बहिन भी मेरे पास ,
शादी की रस्मो में भाई फेरो की आगाज़ कराता ,
खुद घोड़ी चड़ने से पहले बहन को प्यार का एहेसास कराता
बहन बलाए लेती जाती प्यार का रंग लुटाती जाती
बहन भाई का ये दुलार लाड प्यार नोक झोक का साथ
पाना है तो सोच लो आप बेटा बेटी एक समान
बेटा वारिस है तो बेटी पारस है
बेटा वंश है तो बेटी अंश है
बेटा आन है तो बेटी शान है
बेटा तन से अपना है
बेटी मन से अपनी है ,
बेटा मान है तो बेटी हमारा गुमान है
बेटा संस्कार है तो बेटी संस्क्रती है
इसीलिए कहती हूँ जिस घर में दोनों का साथ है
वो परिवार ही पूर्ण परिवार है